हिमाचल: सरकारी CBSE स्कूलों में 30 सितंबर तक सेवारत शिक्षकों की मेरिट पर होगी नियुक्ति, हाईकोर्ट के सख्त आदेश
HPN 48 / शिमला
हिमाचल प्रदेश के सरकारी सीबीएसई स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर लंबे समय से चल रही प्रक्रिया पर अब हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिए हैं कि सरकारी सीबीएसई से संबद्ध स्कूलों में शिक्षकों और प्रिंसिपलों की भर्ती एवं तैनाती की प्रक्रिया नियमों और मेरिट के आधार पर 30 सितंबर 2026 तक हर हाल में पूरी की जाए।
कोर्ट ने यह आदेश वीरेंद्र सिंह और अन्य की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया। मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति अजय मोहन गोयल और न्यायमूर्ति योगेश जायसवाल की खंडपीठ ने की।
30 सितंबर तक पूरी करनी होगी तैनाती प्रक्रिया
हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि विज्ञापन के पैरा 5.5 के तहत अधिसूचित सीटों पर नियुक्ति और तैनाती की प्रक्रिया 30 सितंबर तक पूरी की जानी चाहिए।
सरकार की ओर से अदालत में महाधिवक्ता अनूप रतन ने बताया कि 14 अगस्त को दिए गए अदालत के आदेश के अनुसार आवश्यक विभागीय कार्रवाई की जा रही है। सरकार की ओर से दिए गए आश्वासन के बाद अदालत ने तैनाती की समयसीमा तय की है।
अदालत ने यह भी कहा कि जो शिक्षक और प्रिंसिपल चयन प्रक्रिया के तहत पात्र हैं और अभी तक उनकी तैनाती नहीं हुई है, उन्हें जल्द से जल्द संबंधित सीबीएसई स्कूलों में तैनात किया जाए।
5 अक्तूबर तक देनी होगी अनुपालन रिपोर्ट
हाईकोर्ट ने सरकार को केवल तैनाती पूरी करने का निर्देश ही नहीं दिया है, बल्कि इसकी अनुपालन रिपोर्ट 5 अक्तूबर 2026 तक अदालत में पेश करने को भी कहा है।
इससे अब शिक्षा विभाग के सामने निर्धारित समयसीमा में पूरी प्रक्रिया को अंतिम रूप देने की जिम्मेदारी है।
हजारों शिक्षक कर रहे हैं नियुक्ति का इंतजार
सरकारी सीबीएसई स्कूलों में सेवारत शिक्षकों की तैनाती के लिए पहले स्क्रीनिंग परीक्षा आयोजित की गई थी। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार परीक्षा में 9,821 शिक्षक शामिल हुए थे, जिनमें से 6,084 शिक्षक पात्र घोषित किए गए थे। इन शिक्षकों की अंतिम तैनाती प्रक्रिया लंबे समय से लंबित थी।
इससे पहले सरकार की योजना के तहत 5,623 सेवारत शिक्षकों को सरकारी सीबीएसई स्कूलों में तैनात करने की प्रक्रिया पर काम किया जा रहा था। इस प्रक्रिया में मेरिट और उपलब्ध पदों के आधार पर तैनाती का प्रावधान रखा गया था।
मेरिट के आधार पर मिलेगी तैनाती
सरकारी सीबीएसई स्कूलों में सेवारत शिक्षकों की तैनाती को लेकर शुरुआत से ही मेरिट को महत्वपूर्ण आधार बनाया गया है। इससे पहले शिक्षा विभाग की ओर से भी कहा गया था कि परीक्षा में प्रदर्शन के आधार पर तैयार मेरिट के अनुसार शिक्षकों की पोस्टिंग की जाएगी।
सरकार ने जुलाई में सेवारत शिक्षकों से स्कूलों की पसंद के विकल्प लेने का फैसला भी किया था। काउंसलिंग के दौरान शिक्षकों से तीन विकल्प लेने की व्यवस्था की गई थी।
अब हाईकोर्ट के ताजा आदेश के बाद नियुक्ति प्रक्रिया को निर्धारित समय में पूरा करना होगा।
विज्ञान विषय के शिक्षकों की काउंसलिंग भी शुरू
इसी बीच सरकारी सीबीएसई स्कूलों में विज्ञान विषय के रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ रही है। शिक्षा विभाग ने स्क्रीनिंग टेस्ट में पात्र पाए गए इन-सर्विस शिक्षकों की मेरिट सूची जारी कर काउंसलिंग का कार्यक्रम तय किया है।
काउंसलिंग के दौरान शिक्षकों को मेरिट और उपलब्ध रिक्तियों के आधार पर सीबीएसई से संबद्ध सरकारी स्कूलों में तैनाती दी जाएगी। इसमें फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी जैसे विषयों के रिक्त पद शामिल हैं।
सरकारी सीबीएसई स्कूलों में शिक्षकों की कमी दूर करने पर जोर
हिमाचल प्रदेश में सरकारी स्कूलों को सीबीएसई से जोड़ने के बाद शिक्षकों की उपलब्धता एक महत्वपूर्ण मुद्दा बनी हुई है। अगस्त में राज्य सरकार ने सीबीएसई से संबद्ध सरकारी स्कूलों में 3,400 से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू करने की जानकारी दी थी। इसमें करीब 2,800 शिक्षकों को निश्चित मानदेय पर नियुक्त करने और करीब 600 जेबीटी शिक्षकों की भर्ती की योजना बताई गई थी।
वहीं, विधानसभा में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने भी सीबीएसई से संबद्ध सरकारी स्कूलों की रिक्तियों को 30 सितंबर तक भरने की समयसीमा बताई थी। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर के अनुसार इन स्कूलों के लिए 3,468 शिक्षकों की भर्ती की जा रही थी।
अब शिक्षकों को क्या उम्मीद?
हाईकोर्ट के ताजा आदेश के बाद उन सेवारत शिक्षकों और प्रिंसिपलों को राहत मिलने की उम्मीद है, जो चयन प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद तैनाती आदेश का इंतजार कर रहे हैं।
अब शिक्षा विभाग को 30 सितंबर तक मेरिट और नियमों के अनुसार तैनाती प्रक्रिया पूरी करनी होगी, जबकि 5 अक्तूबर तक अदालत को इसकी अनुपालन रिपोर्ट देनी होगी। इससे आने वाले दिनों में सीबीएसई स्कूलों में शिक्षकों की पोस्टिंग को लेकर तस्वीर स्पष्ट होने की संभावना है।

